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Top 10 Moral stories in hindi नैतिक कहानियां हिन्दी में

by Sonal Shukla
Moral stories in hindi

Moral stories का मतलब होता है हम ऐसी नैतिक कहानियों से बहुत कुछ सीख सकते हैं। क्योंकि यहां पर एक moral निकलता है जिससे हम सफलता प्राप्त कर सकते हैं. इस लेख में top 10 moral stories in Hindi नैतिक कहानियां हिन्दी में जानने वाले हैं.

इन top 10 moral stories in hindi से आप बहुत कुछ और बहुत सारी अच्छी बातें सिखंगे. जिससे आपको motivation मिलेगा और आप तरक्की के रास्ते पर फोकस कर पाएंगे.

यह moral stories बहुत ही knowledgeable और सार्थक है, जिसको शायद आपने बचपन में अपनी दादी से भी सुना होगा. दोस्तो अगर आप इन short moral stories in से कुछ सीखना चाहते हैं। तो पोस्ट को ध्यान से पढ़िए और अपने life apply जरूर कीजिए.

Top 10 moral stories in hindi नैतिक कहानियां हिन्दी में

1 डरपोक पत्थर मोरल कहानी

एक बार एक मूर्ति बनाने वाला कलाकार, अपनी मूर्तियों का कारोबार बढ़ाने के लिए जंगल में अच्छे अच्छे पथर खोजने गया. वहा पर उसको दो अच्छे पत्थर मिले जिससे अच्छी मूर्ति बन सकतीं थी.

और वह कारीगर ( शिल्पकार ) दोनों पत्थरों को अपने घर ले आया, और दोनों पत्थरों को लेकर अच्छी मूर्ति बनाने बैठ गया.

जब उस कारीगर ने पहले पत्थर पर मूर्ति बनाने के लिए अपने छीनी हथौड़े से वार किया है. तो वह पत्थर बोला आप मुझे छोड़ दीजिए, बहुत दर्द हो रहा है. आप किसी दुसरे पत्थर की मूर्ति बना लीजिए.

अगर आप मेरे पर वार करेंगे तो मै पूरी तरह बिखर जाऊंगा, इस बात पर उस शिल्पकार को उस पत्थर पर तरस आ गया. और उसने उस पत्थर को एक तरफ रखकर दुसरे पत्थर पर मूर्ति बनाने लग गया.

लेकिन दुसरे पत्थर ने कुछ नहीं बोला और शिल्पकार ने उस पत्थर से बहुत ही अच्छी भगवान की मूर्ति बनाई. कुछ दीन बाद लोग मूर्ति खरीदने आए और उन्होंने वह भगवान की मूर्ति खरीद ली.

एक व्यक्ती के दिमाग़ में आया है भगवान के लिए नारियल फोड़ने के लिए भी पत्थर की जरुरत है. साथ में वह दूसरा पत्थर भी साथ ले गए।

एक पत्थर पर हर रोज मूर्ति फुल्लो की माला चड़ाई जाती है और दुसरे पत्थर से हर रोज नारियल फोड़े जाते हैं। जिसके कारण उसको हर रोज दर्द सहना पड़ता है.

Moral of the stories in hindi

इस moral stories से यह बात समझ में आती है कि बडी सफलता के लिए अर्थात् जीवन भर खुश रहना चाहते हैं तो कभी भी छोटी छोटी मुश्किलों से उस पहले पत्थर की तरह नहीं डरना चाहिए.

अगर आप छोटे छोटे दर्द से डरने लग गए हैं, तो हो सकता उसके बदले आपको जीवन दर्द सहना पड़े.

2 Moral stories in hindi ( अपनी मेहनत पर विश्वास रखो )

एक बार अनिल ओर रोशन नाम के दो लड़के थे, दोनों भाई थे, अनिल मेहनती व्यक्ती था और वह अपने कार्य में पूरे दीन मेहनत करता था. वहीं रोशन आलसी था और हर समय यह कहेकर अपने काम को टाल देता है कि सब ईश्वर के हाथ में है.

धीरे धीरे अनिल की संपति बड़ती गई और अनिल धनवान होने लगा, वहीं दूसरी तरफ रोशन के उपर कर्जा चड़ने लगा. जिसके कारण उनकी संपति कम होती जा रही है.

फ़िर भी रोशन यह कहेकर अपनी नकायमी को टाल देता है कि सब ईश्वर के हाथ में है, और एक दिन ऐसा आता है कि रोशन की पूरी संपति कर्ज के कारण बिक गई.

उसके बाद रोशन भगवान को दोष देने लगता है और कहता है कि मेरे साथ भगवान सहि नहीं किया है और मेरी किस्मत ही खराब है. मेरे भाई कि किस्मत अच्छी हैं जिसके कारण वह आज धनवान व्यक्ति हैं.

Moral of this short story

ईश्वर भी उसी का साथ देता है, जों मेहनत करता है और किस्मत भी अच्छी उसी की होती है जो मेहनत करता है. आलसी व्यक्ती का भगवान भी साथ नहीं देता है।

इसलिए जीवन में अनिल कि तरह बनिय ना की रोशन की तरह, अगर आप मेहनत करते हैं तो सफलता मिलना तय है. आपकी मेहनत से आप अपनी किस्मत को बदल सकते हैं.

3 Short moral stories in hindi ( दिखावा ना करें )

कुछ दीन पहले में अपने ऑफिस से घर की तरफ जा रहा था, मैने रास्ते में एक शादी का सिन देखा. जिसमें दूल्हे दुल्हन पैदल चल रहे थे, और एक साइकिल पर दो छोटे छोटे स्पीकर रखें हुए थे. जिसमें राजस्थानी गाने बज रहे थे और उनके कुछ करीबी रिश्तेदार और दोस्त डांस कर रहे थे.

मै आपको बताना चाहूंगा कि वहा पर उन लोगों के इतना आनंद आ रहा था, जीतना five star hotel की शादी में भी नहीं आता है.

एक बार तो मुझे उनकी ग़रीबी पर तरस आ गया, लेकिन दुसरे ही पल मन में यह ख्याल आया है असली शादी तो यहीं हैं.

बिना कर्ज लिऐ अपने पास जो हैं वहीं लगा रहे हैं, नहीं तो देखा गया है कि लोग शादी में अपनी पूरी कमाई के साथ साथ लाखों रुपए कर्ज लेकर शादी करते हैं.

शादी में लोग सिर्फ दिखावे के लिए या फिर दुसरे की नकल करने के लिए इतने कर्ज लेते हैं कि शादी के बाद दस साल उनके कर्ज चुकाने में निकल जाते हैं.

Moral of this short stories

दोस्तों जीवन में दिखावे के लिए कभी कुछ नहीं करना चाहिए, क्योंकि दिखावा कुछ समय के लिए आंनद देता है. लेकिन उसके चक्कर में हो सकता है आपको जीवन भर या बहुत समय के लिए दुख उठाने पड़े।

4 moral stories in hindi

एक बार एक आदमी बड़े पद पर एक बडी संस्था में काम करता था, और वह व्यक्ती बहुत ही सरल स्वभाव का था. उस व्यक्ति के सभि के लिए बहुत अच्छा व्यवहार था, वह सभी को सम्मान भाव से देखता है.

वह व्यक्ती हर रोज ऑफिस आते समय वहां बैठे चौकीदार से राम राम काका बोलकर अंदर जाता था। और जब वह व्यक्ती ऑफिस से घर आता था, तब भी वह उस चौकीदार को राम राम काका बोलकर घर जाया करता था.

एक दिन ऑफिस में उस व्यक्ति को जरूरी काम होने के कारण देर तक ऑफिस में रुकना पड़ा। तब तक ऑफिस के सभी कर्मचारी अपने घर निकल गए थे, वह वहां अकेला रहें गया.

जब व्यक्ती घर जानें लगा तो उसे महसूस हुआ कि कहीं से पानी गिरने की टिप टिप आवाज आ रही थी. जहां पानी गिर रहा था वह उस रूम में दाखिल हो गया।

जैसे ही वह व्यक्ती रूम में दाखिल हुआ वहां बर्फ जमा हुआ था, जिसके कारण वह व्यक्ती भी उसमें फस गया। बहुत कोशिश करने के बाद भी वह कर्मचारी वहा से निकल नहीं पा रहा था।

वहा पर उसका दम घुटने लगा और धीरे धीरे उसके उपर बर्फ जमने लगी थी, अगर थोड़ी बहुत देर हुई तो उस व्यक्ति की जान जा सकतीं हैं।

Short moral stories in hindi

तभी बाहर बैठे चौकीदार ( जिससे वह कर्मचारी रोज़ आते जाते वक्त राम राम काका बोलता था ) को अहसास हुआ हैं। की आज सब कंपनी से निकल गए वह साब नहीं आए, जबकि वह सुबह तो मेरे से राम राम बोलकर गए।

कहीं वह मुश्किल में तो नहीं फस गए, ऐसा सोचकर वह चौकीदार कंपनी के अंदर चला गया। वहा देखा तो वह व्यक्ती बर्फ में फंसे हुए थे। तुरंत उस व्यक्ति ने दरवाजा खोला और उस व्यक्ति को बाहर निकाल कर उसकी जान बचाई।

तब उस व्यक्ति ने कहा अगर आप थोड़ी देर यहां नहीं आते तो मेरी जान चली जाती, लेकिन आप यह बताएं. आपको कैसे पता कि मै अंदर फंसा हुआ हूं।

तब उस व्यक्ति ने कहा साहब आप हर रोज मेरे से आते जाते वक्त राम राम काका बोलकर जाते हैं। आते वक्त तो आपने मेरे से राम राम काका बोला, लेकिन जाते वक्त नहीं बोला.

तो मेरे मन में शंका होने लगी और फिर मै आपको खोजने अंदर कंपनी में आ गया, तब उस व्यक्ति जो कर्मचारी हैं उसकी आंखो में आंसु आने लगें।

Moral of this short story in hindi

दोस्तो इस इस moral story से हमें यह मोटिवेशन मिलता है कि आपका व्यवहार ही कभी-कभी आपकी लाइफ को बचा सकता है।

इसलिए हर व्यक्ति से अच्छा व्यवहार करें चाहे वह किसी भी पद या पोस्ट पर हो क्योंकि व्यवहार ही इस दुनिया में सबसे बड़ा धन है।

5 Moral story in hindi ( ईमानदार रहें )

एक बार एक गांव में दो भाई रहते थे, उनका नाम रमेश और बिरम थे। उनके पिताजी गुजर जाने के बाद दोनों भाई मैं आधी आधी संपत्ति बांट दी गई हैं।

Ramesh के तीन बच्चे थे जबकि दुसरे भाई अर्थात् biram के कोई बच्चे नहीं थे। दोनों भाई अपने अपने खेत में बहुत मेहनत करते थे और खूब सारी फसल पैदा करते थे।

छोटे भाई रमेश के मन में आया कि मेरे भाई के कोई संतान नहीं है तो उसको ज्यादा अनाज कि जरुरत है. ऐसा सोचकर उसने एक बोरी अनाज की उसके बड़े भाई biram के डेर ( अनाज का खल्यान ) में डाल दी।

दूसरा भाई अर्थात् बड़ा भाई सोचने लगा कि मेरे छोटे भाई के तीन बच्चे हैं तो उसको ज्यादा अनाज की जरुरत है। ऐसा सोचकर उसने एक बोरी अनाज उसके खलयान में डाल दी।

दोनो भाई बहुत खुश थे, दोनों मन ही मन सोच रहे थे कि मैने मेरे भाई कि मदद करी और दोनों बहुत खुश थे।

Moral this short story in hindi

दोस्तों इस moral story से हमें पता चलता है कि अगर आपके पास ज्यादा हैं और अपने परिवार दोस्तों और रिश्तेदारों में किसी को जरुरत है। तो उसको जरुर सहयोग दीजिए।

जब हम कुछ दान करते हैं तो कहीं ना कहीं रुप में वह हमारे पास वापस लौटकर आता है। साथ में हमेशा अपने परिवार के प्रति ईमानदार बने रहे।

6 Moral stories in hindi ( झूठा गड़रिया )

एक बार एक गांव में एक गड़रिया ( भेड़ बकरियां चराने वाला व्यक्ति ) रहता था वह हर रोज जंगल में भेड़ बकरियां चराने जाता था.

एक उसने सोचा कि क्यों नहीं आज गांव वालों को मूर्ख बनाया जाएं, वह ज़ोर ज़ोर से चिलाने कि शेर आया शेर आया. मुझे और बकरियों को बचाएं और जोर से चिलाता रहा।

उसकी आवाज सुनकर गाव वाले लोग अपने अपने शस्त्र लेकर जंगल की और तेज भागे. जब सभी लोग जंगल में उस गडरिए के पास पहुंचे।

तो वह गड़रिया ज़ोर ज़ोर से हसने लगा और गांव वालों को कहने लगा कि मै तो मजाक कर रहा था। कोई शेर नहीं आया है, मै देख रहा था गांव वाले आते के नहीं।

गांव वालों को बहुत गुस्सा आया और वह सभी लोग अपने घर चले गए, और सभी लोग बोल रहे थे कि यह आदमी झूठा है।

Short moral story in hindi

दो तिन दिन बाद से फ़िर उस गडरिए ने वहीं मजाक किया, ज़ोर ज़ोर से चिलाने लगा शेर आया। मुझे बचाएं, गांव के लोगों ने सोचा जूठ बोल रहा है, पहले की तरह पागल बना रहा होगा कोई शेर नहीं आया है।

लेकिन गांव के कुछ लोगों ने सोचा कि वास्तव मे शेर आया होगा चलो उसको बचाते हैं और भाग दौड़ कर उसके पास पहुंच गए। लेकिन वह गड़रिया ज़ोर ज़ोर हस रहा था और कहने लगा मै मजाक कर रहा था।

गांव के लोगों को बहुत गुस्सा आया और वह कुछ लोग आए थे नाराज होकर सभी अपने घर चले गए। एक दिन वास्तव में जंगल में शेर आया था।

वह गड़रिया ज़ोर ज़ोर से चिलाने लगा शेर आया शेर आया मुझे और मेरी बकरियों को बचाएं. गांव के सभी लोग सोचने लगे पागल है झूठ बोल रहा है कोई शेर नहीं आया है।

किसी ने उसकी बातो पर ध्यान नहीं दिया है, वह गड़ीरिया जोर जोर से चीलता रहा लेकिन गांव का कोई व्यक्ती नहीं आया है।

शेर उसको और उसकी भेड़ बकरियां कों खा गया, और उसकी झूठ के कारण उसकी मृत्यु हो गई।

Moral this short in hindi

दोस्तों इस short moral story से हमें यह प्रेरणा मिलती है कि कभी भी किसी व्यक्ति से झूठी मजाक ना करें. अगर आप ऐसा करते हैं तो कुछ समय बाद लोग आपकी सही बातो को भी मजाक में लेंगे.

जिसके कारण आपको बड़ा नुकसान हो सकता है, और कभी भी किसी भी व्यक्ति से झूठ नहीं बोलना चाहिए। झूठे व्यक्तियों पर कोई विश्वास नहीं करता है.

7 Moral stories in hindi for class 8

इक बार एक लड़का था, जिसका पढ़ाई में बिल्कुल भी मन नहीं लगता था. लेकिन उसके बड़े बड़े सपने थे, वह अपने पापा से और अपने दोस्तों से कहता था एक दिन मै करोड़पति आदमी बनूंगा.

जब वह लड़का अपने पापा से कहता है कि मेरा मन पढ़ाई में बिल्कुल भी नहीं लगता है. लेकिन मैं अमीर बनना चाहता हू और एक सफल और कामयाब व्यक्ती बनना चाहता हू।

तब उस लड़के के पिता जी कहते है बैठा तुम बिल्कुल सही कहते हो, मेरा भी मन पढ़ाई में बिल्कुल नहीं लगता था. और मै पढ़ाई नहीं कर पाया।
मै भी अमीर आदमी बनना चाहता था लेकिन नहीं बन पाया हू तुम जानते हो की मै क्यों अमीर और कामयाब व्यक्ती नहीं पाया?
लड़के का पिताजी उस लड़के को बैठा तुम सामने देखो ये जो building देख रहें, क्या तुम इसको हवा में बना सकते हो। तब लड़का कहता पापा ऐसे कैसे हो सकता है, घर या building बनाने के के लिए सबसे पहले हमें निव खोदने की जरुरत है, तभी हम बडी और ऊंची इमारत बना सकते हैं.

Short story in hindi for kids

तब लड़के के पिता जी कहते है कि बैठा यहीं बात तो मै तुमको बताना चाहता हूं, तुम अमीर और कामयाब व्यक्ती बनना चाहते हैं लेकिन उसकी नीव अच्छी शिक्षा और पढ़ाई हैं जिसके बिना तुम कभी अमीर और कामयाब नहीं बन सकते हो। जैसे मै नहीं बन पाया हूं.

अगर तुम्हे अमीर और कामयाब व्यक्ती बनना हैं तो सबसे पहले आपको अच्छी education लेना पड़ेगा. इसलिए अभी तुम सिर्फ पढ़ाई पर ध्यान दो, पढ़ाई में अच्छे रहते हैं तो आप अमीर और कामयाब ऐसे ही बन जाओगे.

Moral of this short story in hindi

Moral story से हमें और सभी students को यह प्रेरणा मिलती हैं कि शिक्षा ही जगत कि सर्वेश्रेष्ठ साधन है. जिससे आप दुनिया की हर चीज़ हासिल कर सकते हैं. इसलिए हर students को अच्छी एजुकेशन लेना बहुत आवश्यक है. अगर आपकी नीव अर्थात् शिक्षा ही अच्छी नहीं रहेगी तो आप सफल और कामयाब कभी नहीं बन सकते हैं.

8 Moral stories in hindi for class 10 ( मेहनत की कमाई )

एक बार सोनू और मोनू दो नाम के लड़के एक गांव में रहते थे, सोनू पूरी तरह आलसी था और दीन भर आवारागर्दी करता रहता था.
जबकि मोनू बहुत मेहनती और होशियार लड़का था, वह पढ़ाई पूरी मन लगाकर करता था. दोनो एक समय के बाद अलग अलग रहने लगें.

जैसा कि सोनू आलसी लड़का था तो वह कुछ नहीं करता है बल्की अपने माता पिता की कमाई खाता है और अपना जिवन गुजारता हैं. एक दिन सोनू को रास्ते में चलते हुए सोने के गहनों से भरा हुआ बैग मिला. जिसकी कीमत लाखों रुपए थी, सोनू बहुत खुश हुआ और अपनी किस्मत पर नाज़ करने लगा और सोचने लगा मुझे बिना कुछ किए ही इतनी दौलत मील गई है.

वह पैसे को पानी की तरह बहाने लगा और मिले हुए धन को ग़लत आदतें और ग़लत कार्यों में लगाने लगा. जिसके कारण उसका सारा पैसा बहुत जल्द खत्म हो गया और उसने अपने माता पिता की सारी सम्पत्ति बैच दी. क्योंकी बिना मेहनत किए गए धन से उसके अंदर आलसी पन के साथ साथ ग़लत आदतों का भी निर्माण हो गया था.

मोनू अपनी मेहनत और लगन के दम पर उस क्षेत्र का सबसे बड़ा व्यक्ती बन गया है और उसके अंदर कोई किसी प्रकार की ग़लत आदतें नहीं है.
इस प्रकार से मोनू की मेहनत रंग लाई है और सोनू को उसके आलसी पन ने बर्बाद कर दिया है.

Moral of this short story in hindi

दोस्तो इस moral story से यह प्रेरणा मिलती है कि अगर आप मेहनत करते हैं तो आपको सफलता मिलना तय है. क्योंकि मेहनत कभी भी किसी की बेकार नहीं जाती है, मेहनत का फल हर एक व्यक्ती को मिलता है.
और जो व्यक्ती आलसी रहता है और बिना मेहनत किए उसको कितना भी धन मील जाएं वह ज्यादा दीन तक नहीं चल सकता है. इसलिए अपने जीवन से आलसी पन को निकाल दीजिए और मेहनत कीजिए एक ना एक दिन आपकी मेहनत रंग जरुर लाएगी.

Conclusion

उम्मीद करते हैं आपको top 10 moral stories in hindi नैतिक कहानियों हिन्दी में जरुर पसंद आई होगी. दोस्तों moral stories या मोटिवेशनल कहानियों से हमें बहुत कुछ सीखने को मिलता है क्योंकि हर एक कहानी में कुछ ना कुछ महत्त्वपूर्ण जानकारी या रहस्य छुपा रहता है.

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