Chanakya niti

Chanakya niti – चाणक्य नीति से जीवन में सफल होने के मूल मंत्र

Hello everyone स्वागत है आप सभी का एक बार फिर से हमारी साइट allsafal पर, इस महत्वपूर्ण लेख में हम आपको 13 chanakya niti हिंदी में यानी की जीवन में सफल होने के मूल मंत्र बताने वाले है. जो आचार्य चाणक्य द्वारा दिए गए हैं, इसका वर्णन chanakya niti दर्पण में किया गया है.

चाणक्य दुनिया के सबसे महान powerful व्यक्तियों से एक थे, जिन्होंने चन्द्रगुप्त के माध्यम पूरे विश्व में अपना राज्य स्थापित किया था अर्थात अखंड भारत का निर्माण किया था.

आचार्य चाणक्य को आज भी  एक महान राजनीतिज्ञ मानते हैं, क्योंकि उन्होंने एक दासी के पुत्र को कैसे तैयार कर अखंड भारत का राजा बनाया था, इस लिए जब आज भी कोई राजनीती में अच्छा काम करते हैं तो आचार्य चाणक्य नीति का उदाहरण दिया जाता है.

Chanakya niti- चाणक्य नीति से जीवन में सफल होने के मूल मंत्र

दोस्तों मै आपको बता दूं आप जीवन के किसी भी क्षेत्र में बिजनेस में, नौकरी, शिक्षा आदि में सफल होना चाहते हैं, तो इस लेख में बताएं गय chanakya niti का पालन कर के आप हर क्षेत्र में महारत हासिल कर सकते हैं.

आचार्य चाणक्य नीति आपको हर क्षेत्र में सफल बनाने के लिए बहुत महत्वपूर्ण है. आचार्य चाणक्य के जिस तरह से कूटनीति और राजनीति की सरल व्याख्या की है, उससे हर व्यक्ति अपने जीवन को आसान बना सकते हैं। अगर आपको जीवन में सफल होना है, तो चाणक्य नीति का पालन करें.

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आचार्य चाणक्य का एक परिचय

आचार्य चाणक्य का जन्म का कोई ठोस प्रणाम नहीं है, फिर भी अनुमानित आचार्य चाणक्य का जन्म 375 ईसा पूर्व और मृत्यु 283 ईसा पूर्व हुई थी, उनका जन्म एक गरीब परिवार में हुआ था.

उन्होंने तक्षसिला से शिक्षा ग्रहण की है  चाणक्य राजा चन्द्रगुप्त मौर्य साम्राज्य के महामंत्री थे, आचार्य चाणक्य नीति के आगे सभी लोग नतमस्तक थे. वह एक इतिहास कार, राजनीतिज्ञ, अर्थशास्त्र, धार्मिक शास्त्र में निपुण थे, बाद में आचार्य चाणक्य नीति के आधार पर चलकर कहीं लोगों ने अपने साम्राज्य की स्थापना की है.

13 आचार्य चाणक्य नीति हिंदी में जीवन में सफल होने के मूल मंत्र chanakya niti

1. संकल्प लेना

आचार्य चाणक्य कहते हैं कि अगर जीवन में किसी भी क्षेत्र कार्य में सफल होना है, तो आपको कठोर संकल्प लेने की आवश्कता है, जब तक आप किसी चीज को पाने का कठोर संकल्प नहीं कर लेते हैं, तब आप उस चीज को हासिल नहीं कर सकते हैं.

जब सिकेंदर ने भारत पर आक्रमण कर दिया था, और कहीं राज्यो को अपने जीत लिया था और वह जित्तता हुआ आगे बढ़ रहा था, तब आचार्य चाणक्य अपने राज्य यानी कि मगध साम्राज्य के राजा धनानंद के पास गए और राजा से कहा राजा युद्ध करो, सिकंदर आगे बड़ रहा है.

तब राजा धनानंद ने आचार्य चाणक्य को लात मार गिरा दिया था, और यह कहेकर अपनी सभा से जाने की कहा कि तु एक ब्रहामण हैं, तू क्या हमें युद्ध करना सिखाएगा. जब आचार्य चाणक्य जमीन पर गिरे तो उनकी बंदे हुए बाल खुल गए, और उन बालों की और देखकर भरी सभा में राजा से बोले, जब तक मै तेरे राज्य को नष्ट नहीं कर दूंगा और अखंड भारत का एक राजा नहीं बना दू तब तक अपने बालों को खुला ही रखूंगा.

यानी की आचार्य चाणक्य ने एक बहुत बड़ा संकल्प लिया और उसी चाणक्य नीति के आधार पर उन्होंने आगे चलकर अखंड भारत का एक चन्द्रगुप्त मौर्य साम्राज्य का निर्माण किया.
तो दोस्तों आचार्य चाणक्य नीति यह कहती है कि अगर जीवन में सफल होना है तो आपको एक कठोर संकल्प लेना चाहिए.

2. बड़ा सोचना Chanakya niti

आचार्य चाणक्य कहते हैं कि छोटा सोचना सबसे बड़ा पाप है इस लिए में कभी भी छोटा नहीं सोचना चाहिए, जब उन्होंने संकल्प लिया तब उन्होंने इतना बड़ा सोचा कि अखंड भारत का एक ही राजा तैयार करूंगा तो उसी बड़ी सोच के साथ वह अखंड भारत का निर्माण कर पाए.

आचार्य चाणक्य नीति यही कहती है कि जीवन में कामयाब होने के लिए बड़ा से बड़ा सोचना चाहिए, और सिर्फ बड़ा सोचने से आपको सफलता नहीं मिलने वाली है इसके लिए आप उसी तरह के एक्शन भी लेना होता है.

क्या आप जानते हैं कि जब आचार्य चाणक्य का अखंड भारत का सपना था तो आचार्य चाणक्य चद्रगुप्त को दिन रात ट्रेनिंग देते थे उन्होंने जब तक अखंड भारत का निर्माण नहीं हो गया है, तब तक विश्राम नहीं किया.

इस लिए बड़ा सोचने के साथ साथ आपको कदम भी बड़े ही उठाने पड़ेंगे, मेहनत भी ज्यादा ही करनी पड़ेगी तभी जाकर आपके हाथ में सफलता लगने वाली है.

3. व्यवहार Chanakya niti in Hindi

आचार्य चाणक्य नीति के अनुसार अगर आपको जीवन के हर क्षेत्र में सफल होना है, तो आपको लोगों के साथ अच्छा व्यवहार, अच्छा आचरण करना होगा क्योंकि बिना व्यवहार के आप किसी भी क्षेत्र में सफल नहीं हो सकते हैं.

चाणक्य कहते हैं कि व्यवहार ऐसी चीज है, जो आपको क्षेत्र में, हर जगह आगे रखती है, आपके आचरण और आपके व्यवहार से ही आपके जीवन का निर्माण होता है. अगर आपके पास अच्छा व्यवहार नहीं है, आप ईमानदार नहीं है तो यकीन मानिय आप किसी भी क्षेत्र में सफल नहीं हो सकते हैं.

आचार्य चाणक्य कहते हैं कि लोगों से ऐसा व्यवहार रखो कि वह आपकी बात को मानने से इन्कार नहीं कर सकें, आपका व्यवहार ही आपकी सफलता का राज है।

5. कर्ज आपका सबसे बड़ा सत्रू हैं

आचार्य चाणक्य नीति के अनुसार, आचार्य चाणक्य कहते हैं कि इंसान को जीवन में कभी भी अपनी क्षमता से ज्यादा क़र्ज़ नहीं लेना चाहिए. अगर व्यक्ति ऐसा करता है तो वह कभी भी सफल नहीं हो सकता है अगर आपको कर्ज लेने की बहुत ज्यादा जरूरत भी है, तो आप उतना ही कर्ज लीजिए जिसे आप आसानी से कुछ समय चुका सकते हैं.

आज कल देखा जाता है, की लोग अपनी मनोरंजन की चीजें लेने में भी भरपूर कर्ज ले लेते हैं यकीन मानिए ऐसे लोग जीवन में कभी भी खुश नहीं रहे सकते हैं इस लिए जितना हो सके कर्ज नहीं लेना चाहिए।

5. दूसरे की गलतियों से सीखो

” गलती करना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन एक ही गलती बार बार करना सबसे बड़ा पाप है।”

चाणक्य कहते हैं कि अगर आप खुद ही सभी गलतियां करेंगे और उससे सीखेंगे तो आपका जीवन निकल जाएगा. फिर भी आप सब कुछ नहीं सीख पायेंगे इस लिए जीवन में कम से कम गलतियां करना चाहिए और दूसरे की गलतियों से ज्यादा सीखना चाहिए.

जो व्यक्ति दूसरों की गलतियों से सीखता है, वह चतुर होता है वह जीवन में बहुत तेजी से ग्रो करता है, इसी लिए कहां जाता है कि महान, सफल लोगों की बुक पड़ना चाहिए, जिससे आपको उनकी गलतियों का भी पता चलता है.

और आप वह गलतियां नहीं करते हैं, तो आपका कितना समय बच जाता है आचार्य चाणक्य ऐसे राजाओं की गलतियों से सीखते थे, जो अपना राज्य खो बैठे थे।

6. अपने राज किसी को न बताएं

Chanakya niti के अनुसार, आचार्य चाणक्य कहते हैं कि अपने महत्वपूर्ण राज किसी को नहीं बताना चाहिए भले ही वह आपका सगी सम्बन्धी क्यों ना हो. अक्सर लोग अपने लोगों को अपने राज बता देते हैं, और वही उनके अपने दुख का कारण बनते हैं। इस लिए आपको लगता है कि यह रहस्य किसी को नहीं बताना चाहिए, तो उनको किसी को नहीं बताना चाहिए.

जब आप अपने राज किसी को नहीं बताते हैं तो लोग और आपके दुश्मन आपके प्रति कोई भी एक्शन लेने से भी डरता है, क्योंकि वह नहीं जानता है कि आपके जीवन में क्या चल रहा है.

आप क्या करने वाले है इस लिए वह आपको किसी भी प्रकार से कोई हानि नहीं पहुंचा सकता है, इस लिए अपने रहस्य को अपने मन में ही रखो तो बेहतर होगा.

7. अपने लोगों को हमेशा खुश रखे

दोस्तों अगर आपको जीवन में सफल होना है, और अपनी सफलता का भरपूर आनंद लेना है तो अपने लोगों को, अपने परिवार के लोगों को हमेशा खुश रखे उन्हें कभी भी जीवन में आपकी वजह से दुख नहीं होना चाहिए. अगर आपकी वजह से आपके परिवार के लोग दुःखी है तो यकीन आप भले ही कितनी बड़ी सफलता हासिल कर ले, उसका कोई अर्थ नहीं रहे जाता है.

Chanakya niti

जब आचार्य चाणक्य छोटे थे, तब उनके घर एक महात्मा आए तो आचार्य चाणक्य की माता ने उस साधु महात्मा से अपने बच्चे चाणक्य की कुंडली के बारे में पूछा. तब महात्मा ने कहां कि आपका बैठा आगे चलकर राजा के दरबार में महामंत्री बनेगा और कहां अगर आपको मेरी बातों पर विश्वास नहीं है तो आप अपने बच्चे चाणक्य के दांत चेक करना, उसके एक दांत पर नाग का चिन्ह बना होगा.

पंडित चाणक्य घर आए तो उनकी मा ने बच्चे को पास बुलाया और उनके दांत चेक किए सच में चाणक्य के एक दांत में नाग का चिन्ह बना हुआ था. यह देखकर आचार्य चाणक्य की माता रोने लगी.

तब चाणक्य ने अपनी माता से पूछा कि आपके रोने का क्या कारण है, तब  चाणक्य की मां ने कहां तू आगे चलकर एक राजा के दरबार में महामंत्री बनेगा यह तेरे दांत पर बने नाग के चिन्ह से साबित है, तू तेरी मां को छोड़ कर चला जाएगा.

यह बात सुनकर चाणक्य को बहुत गुस्सा आया और तुरंत एक पत्थर उठाया और वह दांत तोड़ दिया जिस पर नाग का चिन्ह बना हुआ था और मा से कहा अब तो आप खुश हो ना, मै मा के लिए एक राज्य तो क्या सौ राज्य का त्याग कर सकता हूं.
इस लिए अपने परिवार को छोटे छोटे लालच के लिए दुःखी नहीं करना चाहिए उनको हमेशा खुद रखना चाहिए। यही सफलता का सबसे बड़ा रहस्य है.

8. लाभ हानि समझे Chanakya niti


” बुद्धिमान व्यक्ति वह होता है, जो लाभ और हानि का बराबर ज्ञान रखता है”


चाणक्य नीति के अनुसार आचार्य चाणक्य कहते हैं, कि अगर जीवन में सफल होना है तो आपको यह बात अच्छी तरह से पता होना चाहिए किस चीज से आपको लाभ होने वाला है, और किस चीज से आपको हानि होने वाली है.

उसी के अनुसार अपना कदम आगे बढ़ाने वाला व्यक्ति, जीवन में कभी भी निराश नहीं हो सकता है, भले ही उसको हानि हुई हो फिर भी वह निराश नहीं हो सकता है। इस लिए लाभ और हानि को समझना चाहिए।

9. निर्णय लेना सीखे, चाणक्य नीति दर्पण

महान आचार्य चाणक्य कहते हैं, कि जो व्यक्ति समय रहते  सही निर्णय नहीं ले सकता है, उसकी जीवन में हार निश्चित है, अगर जीवन में सफल होना है किसी भी क्षेत्र में विजय पाना है, तो आपको निर्णय लेना आवश्यक हो जाता है. जो व्यक्ति डिसीजन लेने में देरी करता है वह हमेशा पीछे ही रहता है कई बार आपके जल्दी लिए गए निर्णय गलत भी हो सकते हैं, लेकिन यही असली लीडर की पहचान होती है, जो निर्णय लेने में देरी नहीं करता है.

निर्णय आपकी क्षमता को बढ़ाते है, आपको एक मजबूत इंसान बनाते हैं, आपके अंदर फास्ट सही निर्णय लेने की क्षमता होनी चाहिए साथ ही आचार्य चाणक्य कहते हैं, वह व्यक्ति कभी एक अच्छा लीडर नहीं बन सकता है जिसके अंदर निर्णय लेने की क्षमता कम हो.

10.  आपका उद्देश्य क्या है Chanakya niti in Hindi

” अगर आपको यही पता नहीं है कि क्या करना है, तो यकीन मानिए आप कुछ नहीं कर सकते हैं”


आचार्य चाणक्य कहते हैं कि जीवन में सफल होने के लिए आपका कोई ना कोई उद्देश्य जरूर होना चाहिए, आपको यह पता होना चाहिए कि मेरा जन्म क्यों हुआ है?  मेरा उद्देश्य क्या है, बिना उद्देश्य के जीवन जीना एक मुर्दे के समान है, बिना उद्देश्य के आप जीवन में कुछ भी हासिल नहीं कर सकते हैं.

11. असफलता के डर को दूर करे चाणक्य नीति हिंदी में

चाणक्य कहते हैं कि अगर आपके अंदर असफल होने का डर है, तो आपक कभी भी सफल नहीं हो सकते है, क्योंकि डर डर के आगे बढ़ना डरपोक लोगों का काम है.

अगर आप को लगता है, आप जो कर रहे हैं, वह सही है, सत्य है, और ईमानदारी का काम है तो आपकी किसी बात का कोई डर नहीं रखना चाहिए. क्योंकि अगर आप असफलता से डरते हैं तो आप अपने काम पर पूरी तरह से फोकस नहीं कर पाते हैं, और जब तक आप अपने काम पर पूरी तरह से फोकस नहीं करते हैं। आप सफल नहीं हो सकते हैं.

12. सत्य की राह पर चलने वाला व्यक्ति ही महान होता है, आचार्य चाणक्य कहते हैं कि अगर आप कुछ गलत कर के थोड़ी बहुत सफलता हासिल भी कर ली तो यकीन मानिए वह सफलता आपके पास ज्यादा नहीं रुकने वाली है इस लिए हमेशा सत्य की राह पर चलना चाहिए.

13. आचार्य चाणक्य नीति के अनुसार आचार्य चाणक्य कहते हैं कि, आपको यह अवश्य पता होना चाहिए कि आप को काम कर रहे हैं, उसमें कितनी सच्चाई है, क्या वह धर्म के रास्ते पर है, उसमें किसी का कोई नुक़सान तो नहीं हो रहा है अगर आप ऐसा करते हैं तो आपकी सफलता निश्चित है.

निष्कर्स चाणक्य नीति हिंदी में

उम्मीद करते हैं आपको आचार्य चाणक्य नीति हिंदी में यह जानकारी आपको पसंद आई होगी आचार्य चाणक्य नीति दर्पण के अनुसार आप जीवन में हर क्षेत्र में महारत हासिल कर सकते हैं, कमेंट में जरूर बताए कि क्या आप आचार्य chanakya niti को फॉलो करेंगे.
धन्यवाद

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